बुरहानपुर - सूर्य पुत्री मां ताप्ती नदी के राजघाट के किनारे खतरनाक और बेहद हानिकारक केमिकल बह कर इकट्ठा हो रहा है । जो ना सिर्फ वहां पर नित्य स्नान करने वाले लोगों के स्वास्थ्य को प्रभावित कर रहा है बल्कि नदी में रहने वाले हजारों लाखों जलीय जीवो के भी प्राणों के लिए घातक है ।
प्रतिदिन स्नान को आने वाले स्विमिंग ग्रुप के सदस्यों श्री शैलेंद्र ब्रहस्पति और अनिल विश्वकर्मा आदि ने बताया कि पिछले सात आठ दिनों से लगातार यह केमिकल पीछे खातू घाट और पीपल घाट की तरफ से बहता हुआ आ रहा है और राजघाट के किनारे एकत्रित हो रहा है। जिसकी वजह से हमने नदी में स्नान करना छोड़ दिया है।
एक तरफ कुछ दिनों बाद निमाड़ का सुप्रसिद्ध बालाजी मेला लगने जा रहा है वहीं दूसरी तरफ इस तरह का हानिकारक केमिकल मोक्षदायिनी सूर्यपुत्री मां ताप्ती को प्रदूषित कर रहा है ,हजारों लोग ताप्ती तट पर बालाजी के दर्शन और मेले का आनंद लेने आएंगे, ऐसे समय पर इस केमिकल युक्त पानी के संपर्क में आने से उन्हें अनेकों तरह की बीमारियां भी हो सकती हैं ।
चिकित्सकों से जानना चाहा कि इस हानिकारक केमिकल युक्त जल से स्वास्थ्य पर क्या-क्या प्रभाव पड़ेंगे तो उनके द्वारा बताया गया की इस जल के संपर्क में आने से अनेकों तरह की बीमारियां जैसे त्वचा रोग, खुजली, बालों का झड़ना, आंखों में जलन, सांस लेने में तकलीफ एवं पाचन तंत्र में बिगाड़ जैसे अनेक समस्याएं हो सकती हैं वहीं जलीय जीव ऑक्सीजन की कमी की वजह से अपने प्राण गंवा बैठेंगे।
नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग एवं अन्य उच्च अधिकारियों को चाहिए की तुरंत ही पता लगाएं की यह केमिकल कहां से नदी में मिल रहा है और कौन लोग यह प्रदूषण फैला रहे हैं साथ ही उनपर कठोर कार्यवाही की जाए।