कलेक्टोरेट में कलेक्टर प्रवीण सिंह की अध्यक्षता में एक बैठक भी आयोजित की गई। जिसमें नगर के ऐतिहासिक स्थलों को लेकर टूरिज्म बोर्ड के अफसरों, इतिहासकारों ने सुझावों से अवगत कराया। बोर्ड के अफसरों के मुताबिक शाही किले पर लाइट एंड साउंड सिस्टम लगाया जाएगा। दो माह में यह सिस्टम लगकर शो कराया जाएगा। वहीं कुंडी भंडारे को विश्व धरोहर घोषित कराने के लिए विशेष प्रयास करेंगे। यूनेस्को को भी प्रस्ताव भेजेंगे। इस दौरान कलेक्टर प्रवीण सिंह ने कहा कि बुरहानपुर में पर्यटन की असीम संभावनाएं है। इसे देखते हुए पिछले तीन दिन से टूरिज्म बोर्ड के अफसरों ने यहां के स्थलों को देखा। बैठक में ऐतिहासिक धरोहरों का बेहतर रखरखाव कैसे से किया जा सकता है इस पर चर्चा हुई। बुरहानपुर का नाम टूरिज्म अवार्ड के लिए भी गया है। ऐतिहासिक विरासतों को कैसे संवारा जा सकता है इस दिशा में काम कर रहे हैं। इस दौरान वरिष्ठ इतिहासविद होशंग हवलदार, मोहम्मद नौशाद, कमरूद्दीन फलक, शालिगराम चौधरी, मुकेश दरबार आदि ने मप्र टूरिज्म बोर्ड के अफसरों को बुरहानपुर के इतिहास से अवगत कराया। पुरातत्व विभाग के विपुल मेश्राम ने भी ऐतिहासिक स्थलों को लेकर अपनी बात रखी।
टूरिज्म बोर्ड के भ्रमण दल में डा मनोज कुमार सिंह, सुरेश झारिया, एसके श्रीवास्तव, पीएस बघेल, पीके सिन्हा, एके सिंह, सीपी निगम, युवराज पडोले, राम तिवारी, दीपिका राय चौधरी, ओपी मिश्रा, नगेंद्र मेहता, अमित सिंह, सौम्या कौशल आदि मौजूद रहे।