◆ - सोने का निर्धारित समय बार−बार न बदलें एक निश्चित समय सोने का प्रतिदिन प्रयास करें।
◆ - अधिक दिमागी कार्य करने वाले लोगों का कुछ शारीरिक श्रम या व्यायाम जरूर करना चाहिए।
◆ - सोने से पहले हाथ−मुंह धोना चाहिए या स्नान करना चाहिए।
◆ - अधिक मिर्च मसाले,गरिष्ठ भोजन के स्थान पर सुपाच्य, सादा शाकाहारी भोजन करें। पेट में ठूँस ठूँस कर ना खाएं।
◆ - रात का भोजन सोने से 2−2.5 घंटे पहले करें।
◆ - दिन में न सोएं, रात में देर तक न जागें। सुबह देर तक न सोएं। जल्दी सोएं, जल्दी जागें।
◆ - रात को सोने से पहले गुनगुना मीठा दूध पिएं। दूध में मौजूद एमिनो एसिड ट्रिप्टोफेन दिमाग के रसायन सेरोटोनिन के लिए महत्वपूर्ण होता है। ट्रिप्टोफेन और सेरोटोनिन की मदद से रात में आसानी से नींद आती है।
◆ - शाम के बाद कैफ़िन और एल्कोहल का सेवन बिल्कुल त्याग दें। इसकी बजाय आप स्वास्थ्यप्रद तरल पदार्थ, हर्बल चाय का सेवन करें।
◆ - सोने से पहले पैरों को हल्के गर्म पानी से धोने से और पैर के तलुवों में सरसों के तेल की मालिश करने से अच्छी नींद आती है।
◆ - सोने के स्थान पर अधिक रोशनी और अधिक सामान न हो। बिस्तर बहुत कड़ा या मुलायम न हो।
◆ - सोने के कमरे में बहुत हल्की हरे रंग की रोशनी नींद के लिए अच्छी होती है। आंखों के लिए भी हरी रोशनी ठंडी और सुखद होती है।
◆ − सोने के स्थान पर साफ सुथरा, हवादार, रंगीन चित्रों वाला, रूचिकर व संभव हो तो बाहर या आकाश का दृश्य वहां से दिख सके ऐसा हो।
Tags
स्वास्थ्य समाचार