अगर आप तंबाकू और सिगरेट का सेवन नहीं करते हैं, तो ऐसा नहीं है कि आपको कैंसर का खतरा नहीं होता है। तंबाकू मुंह के कैंसर का एक प्रमुख कारण है मगर इसके अलावा भी कैंसर के कई कारण हो सकते हैं। मुंह का कैंसर भारत में सबसे बड़ी बीमारी है, जिसके कारण हर साल लाखों लोग अपनी जान गंवाते हैं। कई बार ऐसा होता है कि जिस व्यक्ति ने कभी सिगरेट, शराब और तंबाकू का सेवन नहीं किया, उसे भी कैंसर हो जाता है। आइए आपको बताते हैं कि मुंह का कैंसर किन कारणों से होता है और कौन सी आदतें इस रोग को बढ़ाती हैं।
◆ धूप में ज्यादा देर रहना -
धूप स्वास्थ्य के लिए अच्छी है मगर ज्यादा देर धूप में रहना कैंसर का कारण भी बन सकता है। धूप में अल्ट्रावॉयलेट किरणें होती हैं, जो त्वचा को नुकसान पहुंचाती हैं। आमतौर पर धूप से त्वचा का कैंसर होता है मगर कई बार जबड़े की हड्डियों और होठों पर भी कैंसर हो सकता है। अल्ट्रावॉयलेट किरणें काफी नुकसानदेह हो सकती हैं और इससे कई स्वास्थ्य समस्याएं होने का खतरा होता है। अल्ट्रावॉयलेट किरणों में सेलुलर म्यूटेशन होता है जिससे जबड़े का कैंसर हो सकता है।
◆ गलत खानपान के कारण कैंसर -
आजकल बाजार में बहुत सारी मिलावटी चीजें मिलती हैं, जिनका इस्तेमाल आप धड़ल्ले से करते हैं। हल्दी पाउडर, काली मिर्च, लाल मिर्च पाउडर, धनिया पाउडर, तेल, आटा, चावल आदि चीजों में मिलावट के मामले अक्सर सामने आते रहते हैं। इन सामानों में ज्यादा मुनाफे के लिए कई बार बहुत हानिकारक तत्व मिलाए जाते हैं, जिनसे शरीर में कैंसर पनप सकता है। चीजों में होने वाली मिलावट भी आजकल लोगों में कैंसर के बढ़ने का एक प्रमुख कारण है। इसके अलावा अक्सर हम सोचते हैं कि फास्ट फूड्स और फ्राइड फूड्स खाने से केवल मोटापा हो सकता है मगर आप गलत हैं। ज्यादा वसा वाले आहारों और खराब तेल में बने आहारों के सेवन से भी कैंसर हो जाता है।
◆ दांतों के रोग से मुंह का कैंसर -
दांतों के किसी रोग के कारण, मुंह की अच्छी तरह सफाई न करने के कारण या मुंह के इंफेक्शन के कारण भी कैंसर हो सकता है। दांतो की समस्या जबड़ों की हड्डी में कैंसर का कारण बन सकती है। अगर आपके दांतो में सड़न है, दांत टूट गए हैं और उसके संक्रमण से कैंसर की समस्या हो सकती है। इसलिए हमेशा दांतों की सफाई रखें और कोई समस्या होने पर डेंटिस्ट को जरूर दिखाएं।
◆ एचपीवी के कारण -
एचपीवी यानी ह्यूमन पैपिलोमावायरस 200 से भी ज्यादा वायरस का समूह है, जो एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में असुरक्षित यौन संबंध, छूने या छींक और खांसी के संपर्क में आने से फैल सकते हैं। हालांकि इनमें से ज्यादातर वायरस कैंसर नहीं फैलाते हैं मगर वैज्ञानिकों ने लगभग 12 वायरसों को 'हाई रिस्क एचपीवी' माना है, कैंसर का कारण बन सकते हैं।
◆ अत्यधिक शराब पीना -
सिर्फ तंबाकू खाने ही नहीं, शराब पीने से भी मुंह के कैंसर का खतरा होता है। जो लोग ज्यादा शराब पीते हैं उनमें शराब न पीने वालों के मुकाबले मुंह के कैंसर का खतरा 6 गुना ज्यादा होता है। इसलिए अगर आप एल्कोहल का सेवन करते हैं, तो इसे पूरी तरह बंद कर दें। अगर पूरी तरह बंद करना संभव नहीं है तो कम से कम ये कोशिश करें कि बहुत सीमित मात्रा में शराब का सेवन करें।