कोरोना के इलाज में इमरजेंसी इस्तेमाल की मंजूरी पा चुकी दवा 2DG को लेकर DRDO ने सेवन से लेकर परहेज तक की जानकारी जारी की है.
DRDO ने जानकारी देते हुए कहा है कि इस दवा को डॉक्टर के प्रेसक्रिप्शन और उनकी निगरानी में ही कोविड-19 पॉजिटिव मरीज को देना है.
कोरोना संक्रमण के मरीजों में ये दवा रिकवरी और अलग से ऑक्सीजन पर निर्भरता को कम करने में मदद करती है.
DCGI से मंजूरी के मुताबिक इस दवा को स्टैंडर्ड केयर थेरेपी के साथ ही कोविड मरीज को अस्पतालों या कोविड केयर सेंटर पर ही दिया जाना है.
DCGI ने सुझाव दिया है कि डॉक्टरों को ये दवा मरीज को जल्द से जल्द प्रेसक्राइब करनी चाहिए. ये उन मरीजों के लिए है जिनमें मध्यम से गंभीर के बीच के लक्षण हैं. 2DG को अधिकतम 10 दिन तक ही देना चाहिए.
ड्रग कंट्रोलर ने कहा है कि इस दवा के असर को डायबिटीज, हृदय से जुड़ी गंभीर बीमारियों, ARDS, हेप्टिक दिक्कतें और रीनल इंपेयरमेंट (किडनी से जुड़ी दिक्कत) वाले मरीजों पर शोध नहीं किया गया है. इसलिए इन बीमारियों वाले मरीजों को लेकर सतर्कता बरतनी होगी.
वहीं, इस दवा को गर्भवति महिलाओं या स्तनपान करा रही महिलाओं को नहीं दिया जाना है. इसके अलावा, 18 साल से कम उम्र के बच्चों को भी ये दवा प्रेसक्राइब नहीं की जा सकती.
इस दवा के एक सैशे के लिए डॉ रेड्डीज लैब ने 990 रुपये की कीमत तय की है.