पेट की मांसपेशियों का कमजोर होना- जब किसी व्यक्ति के पेट की मांसपेशियां कमजोर हो जाती हैं, तो वे हर्निया का कारण बन सकती हैं।
लंबे समय से खांसी का होना- यदि किसी व्यक्ति को लंबे समय तक खांसी रहती है तो उसे जल्द-से-जल्दी इसकी जांच करानी चाहिए क्योंकि यह हर्निया का संकेत हो सकता है।
अधिक वजन होना- जिस व्यक्ति का अधिक वजन होता है, उसे हर्निया होने की संभावना अधिक रहती है। इसीलिए उसे वजन को कम करने की कोशिश करनी चाहिए।
यदि उसे तमाम कोशिशे करने के बावजूद इस समस्या से राहत नहीं मिल रही है, तो उसके लिए बेरियाट्रिक सर्जरी या लिपोसक्शन सर्जरी उपयोगी साबित हो सकती हैं।
उम्र का अधिक होना- जिस व्यक्ति की उम्र 60 साल से अधिक होती है, उसे हर्निया होने की अधिक संभावना रहती है क्योंकि इस अवस्था में उसके शरीर की मांसपेशियां काफी कमजोर हो जाती हैं और वे उभर जाती हैं।
किसी बीमारी का होना- यदि आपको कोई बीमारी जैसे किडनी या लिवर की बीमारी है तो आपको हर्निया की समस्या हो सकती है।
इसलिए आपको समय रहते किडनी डायलिसिस या किडनी ट्रांसप्लांट करा लेना चाहिए ताकि आप इस समस्या से बच सकें।
कब्ज का होना- जिस व्यक्ति को कब्ज की शिकायत रहती है, उसे यह समस्या हो सकती है।